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Friday, May 7, 2021
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मंडी की चार दीवारी से बाहर पड़ी धान की एक भी ढेरी की खरीद नही

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कैथल, कृष्ण गर्ग
सरकार के द्वारा किसानों की धान की फसल का दाना- दाना खरीद करने के दावे उस समय फैल हो गये, जब कैथल के एस डी एम, कमेटी डी एम ई ओ तथा कमेटी सचिव ने किसानों से एक लवज में साफ कर दिया कि मंडी की चार दीवारी से बाहर पड़ी धान की एक भी ढेरी की खरीद नही की जायेगी, बेशक से किसान द्वारा अपने आढ़ती के पास ही क्यों न डाली हो। उधर किसानों की धान की खरीद का कोई उचित प्रबंध न निकलते देख एस डी एम ने पत्रकारों के साथ भी झपट पड़े। बाद में किसानों की समस्या हल न होते देख वे बीच में ही उठ कर चले गये।
कैथल की नई अनाज मंडी में सोमवार को किसान यूनियन के बैनर तले कुछ किसानों ने जिला अध्यक्ष होशियार सिंह गिल की अध्यक्षता में मंडी का दौरा किया और खरीद में कई कामिया नजर पाई। जिस पर किसानों ने सरकार व जिला प्रशासन के के खिलाफ जम कर प्रदर्शन किया। प्रदर्शन की सुचना पाकर कैथल के एस डी एम संजय कुमार मार्केट कमेटी में पहुंचे और किसानों की समस्या जानने लगे। किसानों ने बताया कि उनकी धान की फसल की खरीद सही प्रकार से नही हो रही। जो खरीद सरकारी एजेंसियां करके ले जाती है, वह फसल न तो कई दिनों तक तुलती और उनसे पंखे के नाम पर पचास रुपये प्रति क्विंटल कट लगाने की कहते है। मंडी के कई गेट बंद है और पेयजल का भी कोई प्रबंध नही है। उनकी फसल के न तो गेट पास कट रहे और न ही किसानों के पास मैसेज आ रहे। सोंगल गांव के किसान चांदी राम ने बताया कि उसकी फसल का माऊचर 17 की बजाये 14.50 है। उसकी फसल सरकारी खरीद एजेंसियों ने पास करके 1888 रेट में लिखा था, परन्तु अब उसी धान को खरीद एजेंसी ने तुलवाने की कही थी, वह कट लगाकर केवल 1750 रुपये के दाम की कह रहा है। एक अन्य किसान राजवीर ने बताया कि फसल सरकार के द्वारा खरीद की गई थी, परन्तु तुलवाने वाला राइस मिल वाला पंखे के नाम पर पचास रुपये का कट लगा रहा है। एक किसान ने बताया कि वह अपने आढ़ती के पास कई दिनों से धान लेकर आया था, परन्तु उसको कोई नही खरीद रहा। मंडी में जाम के कारण उसकी फसल मंडी से बाहर है।
इस पर एस डी एम संजय कुमार, कमेटी डी एम ई ओ अजय श्योराण, सचिव दीपक ने कहा कि मंडी से बाहर किसानों की कोई फसल की ढ़ेरी नही ली जायेगी। किसान आढ़ती को न्यूनतम समर्थन मूल्य से कम कट न दे, यदि किसान को कम पैसे मिलते है तो वह लिखित में शिकायत करे। डी एम ई ओ ने बताया कि उनके पास ऐसी एक शिकायत आई है। यदि किसान उनको शिकायत नही कर सकता तो वह टोल फ्री नम्बर पर काल करके शिकायत करे, कार्रवाई होगी। मैसेज उपर से आने है और साइट बहुत कमजोर चल रही है। इसके अलावा किसानों ने अनेक समस्यायें एस डी एम के आगे रखी। एस डी एम ने वहां उपस्थित पत्रकारों को कहा कि उनकी यह सिक्रेट बैठक है और पत्रकार यहां आने ने चाहिये थे, तो क्यों आये। पत्रकारों ने कहा कि यह सिक्रेट बैठक नही, अपितु किसान प्रदर्शन कर अपनी समस्या रख रहे है और उनकी आवाज उठाना उनका दायित्व है।
किसानों की समस्या सुन कर एस डी एम ने मंडी प्रधान कृष्ण मितल को बुलाया और स्थित के बारे में जाना। प्रधान ने बताया कि खरीद की गई एजेंसियों के द्वारा जो धान खरीद किया जा रहा उसका तोल हो रहा है। मंडी में मजदूर बड़ा पावर का पंखा सफाई के लिये नही लगाते और इस बारे में कल आप से बात हुई थी कि पंखे न लगाने पर किसान से 50 रुपये प्रति क्विंटल काटा जायेगा। इस एस डी एम ने कहा कि उन्होंने ऐसा कब कहा। इस पर प्रधान व एस डी एम उठ कर चले गये।
मंडी में है अघोषित हड़ताल।
मंडी में पंखे के नाम पर पचास रुपये प्रति क्विंटल का कट लगाने के नाम पर एस डी एम ने इंकार करते हुये कहा कि किसान को पुरी कीमत मिलेगी तो मंडी में मुनादी की गई की सरकार के द्वारा खरीद कि गई प्रत्येक ढेरी की सफाई पावर के पंखे से होगी, परन्तु मंडी में मजदूर पावर पंखे से सफाई नही करते। जिस कारण से न पंखा लगाना, न किसान की फसल बिक कर तुलनी। यह एक प्रकार की हड़ताल हो गई।
फोटो सहित

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मार्केट कमेटी कैथल व पब्लिक हैल्थ की लापरवाही के चलते कैथल की नई अनाज मंडी में किसानों व आढ़तियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। यह परेशानी कोई नई नही है, अपितू पिछले कई वर्षों से है। मार्केट कमेटी के सामने ही सिवरेज ओवर फ्लो के कारण सडक़ बिना बरसात के भी तालाब बनी रहती है। इस परेशानी के बारे में पिछले कई वर्षो से कमेटी व मंडी में आने वाले सभी अधिकारियों, मंत्रियों, नेताओं आदि को अवगत करवा जा चुका है। यहां तक की आप की सी एम विंडों में भी कई बार समस्या डाली जा चुकी है, परन्तु अधिकारी मात्र सफाई करके इस समस्या से पला झाड़ लेते है और आप को अंधेरे में रखते है कि समस्या का हल हो गया। जिस कारण से यह समस्या ज्यों की त्यों बनी हुई है। इसके लिये प्रति सीजन लाखों की ग्रांटें भी आती है, परन्तु पता नही कहां जाती है। इस पानी से सीजन में किसानों की फसल बिना बरसात के भी बर्बाद होती रहती है और मार्केट कमेटी के अधिकारी किसानों की फसल को बर्बाद होते देखते रहते है। जब उनसे कहा जाता है तो वे पब्लिक हैल्थ की जिम्मेवारी कह कर पला झाड़ लेते है। यह ओवर फ्लों गंदा पानी मंडी में इस लिये आता है कि नजदीकी राम नगर का सिवरेज मंडी के सिवरेज से जुडा हुआ है। यदि राम नगर में से इसकी सप्लाई मंडी की तरफ से रोक दी जाये तो यह समस्या हल हो जायेगी। आसा करता हूं कि आप इस समस्या की ओर ठोस कदम उठाकर किसानों की लाखों की फसल बर्बाद होने से बचायेंगे।

बारदाना मुक्त करने के विरोध में पुंडरी राजौंद मार्ग जाम, बारदाना युक्त करने के आशवासन खोला जाम

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कैथल, कृष्ण गर्ग
पाई अनाज मंडी को बारदाना मुक्त करने के विरोध में सोमवार को किसानों ने मंडी के गेट को ताला लगाकर पुंडरी राजौंद मार्ग जाम कर दिया। जाम की सुचना पाकर जिला प्रशासन हरकत में आया और कई उच्च अधिकारी ने मौके पर पहुंच कर जाम खुलवाने का असफल प्रयास किया। अंत में अनाज मंडी के अंदर किसानों ने अपनी फसल डालकर पाई मंडी को बारदाना युक्त करने के आशवासन पर ही जाम खोला। जिस पर मंगलवार से वेयर हाउस के द्वारा मंडी से खरीद शुरू कर दी जायेगी।
विदित रहे कि सरकार ने पाई अनाज मंडी को बारदाना मुक्त कर किसानों की गेहूं की फसल सीधी सोलू माजरा साइलो में भेजने का निर्णय लिया था, जो क्षेत्र के किसानों को मंजूर नही था। जिस कारण से किसानों ने पाई अनाज मंडी के गेट को ताला लगाकर मंडी के सामने ही जाम लगा दिया। जाम की सुचना पाकर कैथल एस डी एम संजय कुमार, डी एफ एस सी प्रमोद शर्मा, डी एम वेयर हाउस, थाना पुंडरी थाना प्रभारी निर्मल सिंह, पाई वेयर हाउस मैनेजर प्रीत पाल सिंह, पाई कमेटी सचिव गुलाब सिंह नैन मौके पर पहुंचे और किसानों मंडी के बारदाना मुक्त करने के अनेक फायदे गिनवाये, परन्तु किसान जाम खोले में टस में मस नही हुये। किसानों ने कहा कि पाई में अनाज मंडी किस लिये बनाई हुई है। किसान अपनी फसल रात को भी उतार कर अपने खेतों में जाकर अपना कार्य संभाल लेता है, परन्तु साइलो में उनको कई- कई दिन अपनी बारी का इंतजार करना पड़ेगा। मंडी में आढ़ती उनकी फसल को अपने आप तोल सकते है, जिससे उनका समय बर्बाद नही होता। किसानों ने बताया कि उनकी मंडी में मजदूरी करने वाले मजदूर भूखे मर जायेंगे। किसानों मानता न देख एस डी एम संजय कुमार ने कहा कि किसानों को परेशानी नही आने दी जायेगी। किसान अपनी फसल पाई मंडी में ही डाल कर तोल सकते है। जिस पर जाम में गेहूं से भरी ट्रालियों को पाई अनाज मंडी के अंदर उतार कर ही जाम को खोला। मंडी में किसानों के द्वारा मंगलवार से वेयर हाउस के द्वारा बारदाना भेज कर खरीद शुरू कर दी जायेगी।
फोटो- केटीएल01

गेहूं खरीद बारे में चर्चा, एक निर्यातक पर भी विचार विमर्श।

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गेहूं खरेद बारे में चर्चा, एक नियागर््तक पर भी विचार विमर्श।
कैथल, कृष्ण गर्ग
शुक्रवार को गेहूं की खरीद का कार्य सुचारु रूप से चलाने को लेकर मंडी स्थित मंदिर में नई अनाज मंडी के आढ़तियों की एक बैठक आयोजित हुई। बैठक में निर्यातक लेख राज नरेंद्र कुमार के बारे में भी जम कर चर्चा हुई।
बैठक की अध्यक्षता मंडी प्रधान श्याम लाल गर्ग नोच तथा जिला मंडी प्रधान अश्वनी शोरेवाला ने संयुक्त रूप से की। बैठक में बोलते हुये मंडी प्रधान ने कहा कि सभी आढ़ती सडक़ों पर माल न गिरवाये। किसान की गेहूं की फसल को सही सुखी तथा साफ करके ही तुलवाये। पहले कांटे तक की जिम्मेवारी आढ़ती की है और कोई भी आढ़ती पहले उठवाने के चक्कर में किसी वाहन को रिश्वत न दे। सभी को वाहन समय पर दिये जायेंगे। कांटे पर एसोसिएशन के आदमी को तोल के लिये बैठा जायेगा। तोल कम होने पर आढ़ती को सुचना दी जायेगी। कमेटी में आढ़ती अपने लाइसेंस रिन्यू करवा सकते है। किसानों की फसल तुलते ही आढ़ती पोर्टल पर जे फार्म व आई फार्म बनाकर लदाई की सुचना दे। उस आढ़ती की लदाई बिना रिश्वत के करवाई जायेगी। उन्होंने बताया कि लेख राज नरेंद्र कुमार निर्यातक के मालिक नरेंद्र कुमार का उनके पास फोन आया था और अपने भाई, जो लेख राज एण्ड संस का मालिक है, उसके बारे में बात करना चाहता है। बैठक में यह भी मुद्दा उठा कि मंडी से कुछ आढ़ती उसको धान देने लग गये है, जो गलत है। इस पर प्रधान ने कहा कि उन्होंने अभी तक कोई धान देने की खोल नही कि है। इस पर आढ़तियों ने कहा कि यदि नरेंद्र कुमार अपने भाई अशोक कुमार के मंडी में देने वाले पैसों के बारे में अपनी पुरी जिम्मेवारी लेकर आते है, तो उसके साथ बात की जायेगी। जब तक लेखराज एण्ड संस के पैसों की कोई बात नही बनती, तब तक मंडी से धान नही दिया जायेगा।
उधर जिला मंडी प्रधान अश्वनी शोरेवाला ने बैठक को संबोधित करते हुये कहा कि किसी भी आढ़ती के पास कोई भी किसान अपनी फसल डालने के लिये आता है, तो उससे पिछले आढ़ती से नो ड्यूज की पर्ची ले। नकद में किसी भी किसान का फसल बिना नो ड्यूज के न गिरवाये। यदि कोई ऐसा करता है, तो पिछले आढ़ती के पैसों का जिम्मेवार होगा। सारे जिले में ऐसा विचार विमर्श किया जायेगा। इस अवसर पर पूर्व प्रधान अनूप बंसल, राज किशन उर्फ रज्जी, राज पाल चहल, ईश्वर जैन, सुभाष चंद, धर्मपाल कटवाड़, पवन कोटड़ा आदि उपस्थित थे।
फोटो सहित

पाई की लड़कियों ने तेलंगाना में जमाई धाक

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पाई की लड़कियों ने तेलंगाना में जमाई धाक
कैथल, 27 मार्च (कृष्ण गर्ग)
पाई की बेटियों ने तेलंगाना राज्य में राष्ट्रीय कबड्डी प्रतियोगिता में पाई के साथ- साथ जिला कैथल व हरियाणा का नाम रोशन किया है। इसका प्रतियोगिता का आयोजन तेलंगाना राज्य में 47वीं राष्ट्रीय जूनियर नेशनल कबड्डी टूर्नामेंट 22 से 25 मार्च के बीच हुआ। इस खेल कार्यक्रम में सभी राज्यों की टीमों के साथ नेशनल स्पोट्र्स अथॉरिटी (साइं) की टीमों ने भाग लिया। इस प्रतियोगिता में गाँव पाई से 6 लडकियों ने इन खेलों में भाग लिया। साईं टीम में रीतू और शीतल व चंडीगढ़ टीम में नीतू और नेहा तथा नवनीत व लवप्रित ने सिक्किम टीम में भाग लिया। गांव की इन खिलाडिय़ों अपनी टीमों की तरफ से खेलते हुए राष्ट्रीय स्तर पर अपनी खेल प्रतिभा दिखाई है और दूसरी टीमों के खिलाडिय़ों को नाकों चने चबाने पर मजबूर किया। साईं टीम ने फाइनल में हरियाणा की टीम के साथ खेलते हुए द्वितीय पुरस्कार प्राप्त किया। इसी प्रकार चंडीगढ़ की टीम तृतीय पुरस्कार प्राप्त करने में कामयाब रही। इनकी जीत पर गांव में खुशी की लहर है और गाँव के सभी लोगों ने इन लडकियों के खेल की प्रतिभा को देखते हुए अभिभावकों व प्रशिक्षकों को बधाई दी।

कैथल के आढ़तियों ने गेहूं के सीजन में होने वाली अवैध वसूली तथा समस्याओं से अवगत करवाने के लिये मुख्य मंत्री सहित अनेक उच्च अधिकारियों को लिखा पत्र

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कैथल, 16 मार्च कृष्ण गर्ग
कैथल के आढ़तियों ने गेहूं के सीजन में होने वाली अवैध वसूली तथा समस्याओं से अवगत करवाने के लिये मुख्य मंत्री सहित अनेक उच्च अधिकारियों को पत्र लिखा है। मंडी के आढ़ती राम कुमार, कृष्ण गर्ग, राम नारायण, सुरेंद्र, राज पाल चहल, हरि चंद, रामफल, सुरेश चौधरी आदि ने बताया कि प्रति वर्ष गेहूं के सीजन में लदान व शोरटेज के नाम पर कई करोड़ों की अवैध वसूली होती है, जो आढ़तियों के साथ सरासर नाईसाफी है। इससे अवैध वसूली से बचने के लिये उन्होंने मुख्यमंत्री, उप मुख्यमंत्री, कृषि मंत्री, ए सी एस खाद्य एवं फूड सप्लाई चंडीगढ़, सचिव पंजाब एण्ड हरियाणा, मुख्य गृह सचिव हरियाणा आदि को पत्र के द्वारा लिखा है।
उन्होंने बताया कि खरीद एजेंसियां एक ही ठेकेदार को उठान का टेंडर देती है और उसके पास वाहन भी कम होते है। दूसरे के वाहन एक ही नम्बर के सभी खरीद एजेंसियों में दिये जाते है। जिस कारण से वाहन कम होने के कारण खरी की हुई गेहूं समय पर उठ नही पाती और गर्मी के कारण सुख जाने के चलते शोरटेज हो जाती है। जिस भरपाई खरीद एजेंसियां आढ़तियों से करती है। जो सरासर गलत है। किसानों से उनकी फसल सरकार या मार्केट कमेटी के द्वारा एस एम एस भेज कर मंगवाई जाती है, जबकि इनको यह नही पता होती कि इस किसान की फसल तैयार है या नही। आढ़ती के माध्यम से पूछ कर ही एस एम एस भेज कर किसानों की फसल मंगवाई जाये। उन्होंने बताया कि गेटपास काटने में भी ना इंसाफी होती है। मंडी के सभी सीवरेज बंद रहते है और किसानों की फसल पानी में तैरती रहती है। उन्होंने बताया कि मंडी में मार्केट कमेटी व सरकार के द्वारा किसानों व आढ़तियों की फसल चोरी होने से बचाने के लिये चौकीदार की व्यवस्था नही है। इसके अलावा मंडी में अनेक समस्यायें है।
आढ़तियों द्वारा बताई गई समस्यायें व निदान –

  1. गेहूं के सीजन में लदान के समय वाहन चालक करोडा़ें रुपये मंडी के आढ़तियों से अवैध वसूली के लेते है। यह समस्या एक ही ट्रांसपोर्टर को ठेका देने के कारण होता है। कृपया इस समस्या के लिये मंडी में से जो खरीद एजेंसियां खरीद करे, तो लदाई का ठेका सभी एजेंसियों का अलग- अलग हो और उनसे ट्रकों के नम्बर भी चैक करे की वे अलग अलग है कि नही। यदि लदान कम हो तो टै्रक्टर- ट्राली आदि भी प्रयोग किया जाये।
  2. मंडी में से खरीद एजेंसियों के द्वारा खरीद किया गया गेहूं तीन दिन के अंदर- अंदर उठान हो। उसके बाद उठान होने पर आढ़ती की शोरटेज, आग लगने, चोरी होने तथा वर्षा में खराब होने की कोई जिम्मेवारी न हो।
  3. खरीद एजेंसियों के तुलाई करने वाले कांटों की हर सप्ताह चैकिेंग हो।
  4. खरीद एजेसियों द्वारा खरीद की गई फसल के बिल आढ़त, मजदूरी समेत लिये जाये और भुगतान भी उसी प्रकार से हो।
  5. कमेटी के द्वारा किसानों व आढ़तियों की फसल चोरी होने से रोकने के लिये सभी गेटों पर चौंकीदार हो। कमेटी का मंडी से प्रति वर्ष अरबों की आमदन होने के बाद भी अभी तक किसी भी चौकीदार को नही रखा गया।
    6.मंडी नीची है और आसपास मंडी के चारों और उंचा है। बाहर के सीवरेज का खासकर रामनगर के सीवरेज मंडी से जोड़े हुये है। जिस कारण से सीवरेज ओवर फ्लो हो जाते है। मार्केट कमेटी के सामने तो बिना बरसात के भी सडक़ तालाब बनी रही है। कई साल से आढ़ती इस सीवर को अलग करके इस समस्या से निजात की गुहार लगा चुके है, परन्तु जिला प्रशासन कुम्भकरणी नींद सोया पड़ा है।
  6. अनाज मंडी बडी है, जिस कारण से यहां पर खरीद हर रोज लाईनों के हिसाब से प्रत्येक खरीद एजेंसी करे और आढ़तियों को गेहूं भरने के लिये बारदाना समय पर दिया जाये।
    8.किसानों की फसल मंडी में आढ़तियों के द्वारा मंगवाई जाये, यदि टोकन के हिसाब से सरकार उनकी गेहूं की फसल मंगवाती है तो किसान अधिक नमी वाली लेकर एक दम आ जायेगे और मंडी के अंदर सुखाने पर जगह की कमी हो जायेगी।
  7. किसानों की फसल मंगवाने के लिये एस एम एस की व्यवस्था आढ़तियों के द्वारा भेजने की करी जाये।

मंडियों में फसल खरीद के लिए सभी इंतजाम हों पूरे

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मंडियों में फसल खरीद के लिए सभी इंतजाम हों पूरे, 39 स्थानों पर होगी फसल की खरीद, सभी स्थानों पर हों गेट पास काटने की समूचित व्यवस्था, किसानों के लिए बिजली, पानी, शौचालय जैसी सभी मूलभूत सुविधाएं हों मुहैया, किसी प्रकार की लापरवाही होने पर की जाएगी जाएगी सख्त कार्यवाही : डीसी सुजान सिंह
कैथल, 13 मार्च ( कृष्ण गर्ग)
उपायुक्त सुजान सिंह ने कहा कि आगामी गेहूं खरीद सीजन को लेकर सभी मंडियों में इंतजाम समय रहते पूरे कर लिए जाएं। जिला में 39 स्थानों पर फसल खरीद का कार्य किया जाएगा। सभी जगहों पर गेट पास काटने के लिए कम्प्यूटर ऑपरेटर व अन्य कर्मचारियों की ड्यूटी सुनिश्चित करें ताकि किसानों को किसी भी प्रकार की परेशानी नहीं हो। किसी प्रकार की लापरवाही होने पर आवश्यक कार्यवाही अमल में लाई जाएगी।
उपायुक्त सुजान सिंह कैम्प ऑफि स कार्यालय में गेहूं खरीद से संबंधित अधिकारियों की बैठक लेकर आवश्यक दिशा निर्देश दे रहे थे। उन्होंने कहा कि सभी मंडियों व खरीद केंद्रों में किसानों की सुविधा के लिए बिजली, पानी, शौचालय, बैठने की व्यवस्था जैसी सभी मूलभूत सुविधाएं होनी चाहिए ताकि किसानों को किसी भी प्रकार की परेशानी नही हो। गेट पास काटने वाले कर्मचारियों को विशेष रूप से प्रशिक्षण दें। सभी चयनित स्थानों पर किसानों की संभावित समस्याओं को दूर करने के लिए विशेष टीमें बनाएं, जिससे खरीद कार्य सुचारू रूप से चलता रहे और किसानों को भी कोई परेशानी न हो। उन्होंने कहा कि जिला में फसल खरीद कार्य के लिए जितने भी संसाधन हैं या जितने संसाधनों की आवश्यकता है, उन सब का ब्योरा तैयार करें और फसल खरीद के कार्य को करने के लिए एक विशेष प्लान बनाया जाए। आई फार्म तथा जे फार्म बनाने में अगर कोई दिक्कत आती है, तो मार्किट कमेटी के अधिकारी पूरी व्यवस्था करें ताकि समय पर दोनों फार्म बन जाएं और किसानों को समय पर फसल का भुगतान हो सके। उन्होंने कहा कि सभी खरीद केंद्रों पर किसानों की सुविधा के लिए हैल्प डैस्क भी स्थापित किया जाए।
इस अवसर पर डीएमईओ अजय श्योरान, डीएफएससी प्रमोद कुमार, पीके गुप्ता, कुमार अभिषेक, देवेंद्र सिंह, सविता चौधरी, मंजीत सिंह, नरेंद्र ढुल, दीपक, रोशन लाल, संदीप लोहाण, गुलाब सिंह, सत्यदेव आदि मौजूद रहे।

हरियाणा सरकार के पूर्व पब्लिकसिटी चेयरमैन गिरफ्तार, तीन दिन के पुलिस रिमांड पर भेजे।

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हरियाणा सरकार के पूर्व ेपब्लिकसिटी चेयरमैन गिरफ्तार, तीन दिन के पुलिस रिमांड पर भेजे।
कैथल, 9 मार्च (कृष्ण गर्ग)
हरियाणा सरकार में चेयरमैन रहे रॉकी मित्तल उर्फ जयभगवान मितल की अब मुश्किलें बढ़ती जा रही है। पुलिस के द्वारा गिरफ्तार के करने के बाद कोर्ट में पेश किया गया, जहां पर उनको तीन दिन के पुलिस रिमांड पर भेज दिया गया। मंगलवार सुबह दो जिलों की पुलिस, रोकी मित्तल को गिरफ्तार करने के लिए पहुंची है। बताया जा रहा है कि रॉकी मित्तल को पंचकूला के सेक्टर चार स्थित आवास से गिरफ्तार किया गया है। रॉकी मित्तल को पहले पुलिस पांच सेक्टर के थाने में लेकर गई है। जानकारी के मुताबिक कैथल और पंचकूला पुलिस ने रॉकी मित्तल के घर दबिश दी है। आज कैथल और पंचकूला पुलिस रॉकी मित्तल के आवास पर पहुंची थी जहां से गिरफ्तार क र लिया है। बताया जा रहा है कि रॉकी मित्तल पर करीब छह साल पुराने केस में अब पुलिस ने गिरफ्तार किया है। आरोप है कि रॉकी मित्तल ने करीब छह साल पहले जज के साथ बदसलूकी की थी।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के गाने लिखने पर वो चर्चा में आए थे। जिसके बाद उन्हे चेयरमैन बनाया गया था। अब उनको हरियाणा सरकार के द्वारा पद से हटाया गया था। जिस कारण से रॉकी मित्तल इन दिनों सीएम खट्टर के खिलाफ अभियान छेड़े हुए हैं। कैथल पुलिस का कहना है कि रॉकी मित्तल जांच में सहयोग नहीं कर रहा था और न ही कई बार बुलाने पर थाने आ रहा था। इसलिए आज रॉकी मित्तल को कैथल पुलिस ने पंचकूला से गिरफ्तार कर लिया है। हालांकि गिरफ्तारी से पूर्व रॉकी मित्तल व सिटी एस.एच.ओ. शिव कुमार सैनी के बीच काफी तू-तू मैं-मैं भी हुई और इस दौरान पूरा हंगामा भी किया। अपनी गिरफ्तारी की एक वीडियो भी बनवाकर रॉकी मित्तल ने सोशल मीडिया पर वायरल भी कर दी। जिसमें पुलिस रॉकी मित्तल को अपने साथ चलने की बात कर रही है।
मामला 2015 का है।
वर्ष 2015 के एक मामले में पुलिस ने उनको गिरफ्तार किया है। मामला यह है कि 18 मई 2015 में नई अनाज मंडी आढ़ती मुनीष मित्तल हत्याकांड मामले को लेकर जींद रोड पर विरोध प्रदर्शन व जाम के दौरान रॉकी मित्तल ने न्यायाधीश की गाड़ी का रास्ता रोका था और इस दौरान उनके द्वारा अमर्यादित व्यवहार जज के साथ किया गया था।
गानों से मनोहर लाल पर तंज
बतादें कि, रॉकी मित्तल मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर के खिलाफ मुखर होकर बोल रहे हैं और अपने गाने और अपनी गायकी से खट्टर पर तंज कस रहे हैं। रॉकी मित्तल राजनीतिक विरोध पर कई गाने बना चुके हैं। जिनके चलते उन्हें विवादों का सामना करना पड़ा है। अभी हाल ही में पब्लिसिटी सेल के चेयरमैन के पद से हटने के बाद रॉकी मित्तल ने ‘ओ मोदी खट्टर को हटाओ’ गाना बनाया था जिसने काफी सुर्खियां बटोरीं थीं।

अनाज मंडी में बैठक कर किया सरकार के खिलाफ प्रदर्शन
जैसे ही पंचकुला से रोकी मितल को गिरफ्तार किया गया तो उसी समय नई अनाज मंडी स्थित लक्ष्मी नारायण मंदिर में एक बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता मंडी प्रधान श्याम लाल नोच तथा जिला मंडी प्रधान अश्वनी शोरेपाला ने की। बैठक में सरकार के इस फैसले का विरोध किया गया। उसके बाद प्रदर्शन करने के लिये सभी आढ़ती थाना शहर गये।
फोटो- रोकी मितल

नई अनाज मंडी के आढ़तियों की समस्या समाप्त, भाजपा नेता के भाई सर्व सम्मति से बने मंडी प्रधान।

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नई अनाज मंडी के आढ़तियों की समस्या समाप्त, भाजपा नेता के भाई सर्व सम्मति से बने मंडी प्रधान।
कैथल, कृष्ण गर्ग
सोमवार को नई मंडी स्थित लक्ष्मी नारायण मंदिर में आढ़तियों की एक बैठक आयोजित की गई। जिसमें भाजपा नेता सुरेश गर्ग के बड़े भाई सरपंच श्याम लाल नोच को सर्व सम्मति से नई अनाज मंडी का प्रधान बनाया गया। जिससे मंडी के आढ़तियों को मंडी की दो- दो एसोसिएशन की समस्या से निजात मिली। बैठक सुबह 11.30 बजे शुरू हुई। जिसमें इनके नाम का प्रस्ताव मंडी के पूर्व प्रधान कृष्ण मितल ने रखा। नाम का प्रस्ताव रखने से पूर्व उन्होंने अपने पद से त्याग पत्र दिया। उनके प्रस्ताव को तुरंत सारी मंडी के आढ़तियों ने ताली बजाकर स्वागत किया। श्याम लाल मंडी के पहली बार प्रधान बने है। इससे पूर्व वे गांव नोच में दो बार सरपंच बन चुके है। उधर इसके बड़े भाई देवी लाल मंडी के एक बार प्रधान रह चुके है। नव निर्वाचित प्रधान श्याम लाल नोच ने बताया कि वे मंडी के आढ़तियों ने जो जिम्मेवारी दी है, उसका इमानदारी, लगन तथा मेहनत से निभाने का प्रयास करेंगे। उन्होंने यह भी बताया की उनके सामने मंडी के सभी आढ़तियों के लाइसेंस रिन्यू करवाने, लदान के समय ट्रांसपोर्टर के वाहन चालकों द्वारा करोड़ों ली जाने वाली अवैध वसूली बंद करवाने, लदान सही प्रकार करवाने, निर्यातकों व राइस मिल मालिकों द्वारा आढ़तियों के पैसे मारने वाली समस्या आदि अनेक कार्य करवाने उनकी प्राथमिकता रहेगी। उधर इनको सर्व सम्मति से प्रधान बनाने पर मंडी में खुशी की लहर है। मंडी के आढ़तियों को दो- दो एसोसिएशन की समस्या से छुटकारा मिला। दो एसोसिएशन के कारण मंडी के आढ़तियों को अपना कार्य करने में दिक्कत आ रही थी। इधर मंडी में धर्मपाल कटवाड़ आदि चुनाव में खड़ा होने के लिये अपना प्रचार शुरू किया था, परन्तु मंडी के आढ़तियों के सामने उन्होंने भी अपना चुनाव प्रचार बंद कर दिया और श्याम लाल को समर्थन दे दिया।

ये रहे बैठक में शामिल
मंडी के मंदिर में हुई बैठक में जिला मंडी प्रधान अश्वनी शोरेवाला, पूर्व प्रधान सुरेश चौधरी, कृष्ण मितल, शमशेर मितल, अनूप बंसल, मनीराम कटवाड़, रामनिवास जैन, देवी दयाल नोच, आढ़ती कृष्ण शर्मा, सतनारायण शर्मा, बजरंग पाड़ला, रात कुमार बैनीवाल, धर्मपाल कटवाड़, राजपाल चहल, पवन बंसल, शीशपाल पाई, जसमेर ढ़ाड़ा आदि सैकड़ों आढ़ती मौजूद रहे। बैठक की अध्यक्षता कार्यकारी प्रधान कृष्ण शर्मा चंदाना, सत नारायण शर्मा तथा रामनिवास ने की।
फोटो सहित।

बेटियां पराया धन नही बल्कि है अपना धन, हर क्षेत्र में बेटियां लहरा रही हैं परचम : डीसी सुजान सिंह

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बेटियां पराया धन नही बल्कि है अपना धन, हर क्षेत्र में बेटियां लहरा रही हैं परचम : डीसी सुजान सिंह
कैथल, 1 मार्च (कृष्ण गर्ग)
अंतराष्टï्रीय महिला दिवस के उपलक्ष में जिला में विशेष नारी शक्ति उत्सव का आयोजन किया जा रहा है, जिसके तहत सप्ताह भर विभिन्न क्रियाकलाप किए जाएंगे। सोमवार को मेरी बेटी-मेरी पहचान अभियान का शुभारंभ उपायुक्त सुजान सिंह ने किया। अहम पहलू यह है कि स्वयं डीसी ने नेहरू गार्डन में जाकर दो घरों में लगी बेटियों की नेम प्लेट का शुभारंभ किया और बेटियों को खिलौने भी वितरित किए।
इस मौके पर अभिभावकों से बातचीत करते हुए उपायुक्त ने कहा कि बेटियां पराया धन नही है, बल्कि ये तो अपना धन है। बेटियों को सम्मान देने के लिए विशेष नारी शक्ति उत्सव का सप्ताह भर आयोजन किया जा रहा है। मेरी बेटी-मेरी पहचान के तहत बेटियों के नाम से बनी नेम प्लेट लगाई जा रही है, ताकि बेटियों का मान बढ़े और उन्हें भी गर्वानुभूति हो। उन्होंने कहा कि आज किसी भी क्षेत्र में बेटियां बेटों से कम नही है, बल्कि कई क्षेत्रों में बेटों से आगे निकल गई है। देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने हरियाणा की धरा से बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ अभियान का शुभारंभ किया, जिसके सकारात्मक परिणाम हम सबके सामने आए हैं। किसी भी सामाजिक बुराई को समाज के लोगों के सकारात्मक सहयोग से ही समाप्त किया जा सकता है, क्योंकि सामाजिक बुराईंया सामाजिक आंदोलन से ही खत्म होगी। उन्होंने दोनों बेटियों की माताओं से बात की और दोनों माताओं ने इस अभियान की प्रशंसा की और कहा कि यह हमारी बेटियों के लिए बहुत बड़ी सौगात है और समाज में निश्चित तौर पर ऐसे अभियानों से बदलाव आएगा।
इस मौके पर सीएमजीजीए पांखुरी गुप्ता, कार्यक्रम अधिकारी उर्मिल सिवाच, सीडीपीओ कमलेश गर्ग, मुकेश कुमार, गौरव, सुमन, पूनम, मंजू, खेमलता आदि मौजूद रहे।
फोटो- केटीएल0$2

बॉक्स : नारी शक्ति उत्सव में होगा इस तरह कार्यक्रमों के आयोजन
सीएमजीजीए पांखुरी गुप्ता ने बताया कि नारी शक्ति उत्सव के तहत आगे 2 मार्च को ख्वाब उडऩे दो रे के तहत शहर में सभी स्कूल, कॉलेज में रंगोली, पेन्टिग का आयोजन किया जाएगा। इसके बाद 3 मार्च को पिंजरा तोड़ एक वार्तालाप नारी सशक्तिरकण की और के तहत विभिन्न पंचायत भवनों में महिला गोष्ठी का आयोजन किया जायेगा, जिसका मुख्य उददेश्य नारी सशक्तिकरण को बढ़ावा देना है। आगामी 4 मार्च को हौंसला क्राईम एंगेस्ट वुमैन वॉयलैंस के अंतर्गत महिलाओं की सुरक्षा के बारे में जागरूक किया जाएगा। पुलिस विभाग, जिला घरेलू हिंसा निषेध अधिकारी, सीएमजीजीए, जिला कार्यक्रम अधिकारी द्वारा महिलाओं को सुरक्षा से संबंधित जानकारी दी जाएगी। इसी प्रकार 5 मार्च को उड़ान के तहत जिला में किसी भी महिला ने या एनजीओ ने किसी भी क्षेत्र मे उपलब्धि प्राप्त की है, उन्हें सम्मानित किया जाएगा। इसी तरह 6 मार्च को खेल महोत्सव के तहत महाराजा सूरजमल जाट स्टेडियम में महिला खेल महोत्सव का आयोजन किया जाएगा, जिसमें 800 मीटर दौड़, नींबू व चम्मच दौड़ का आयोजन किया जाएगा। नारी शक्ति उत्सव सप्ताह समापन्न के दिन 8 मार्च को आरकेएसडी कॉलेेज के सभागार में अंतर्राष्टï्रीय महिला दिवस का आयोजन किया जाएगा।

विशेष पखवाड़े के तहत बनाए जाएंगे आयुष्मान गोल्डन कार्ड, जिला में 79 हजार 121 परिवार है इस योजना के लाभार्थी : डीसी सुजान सिंह

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विशेष पखवाड़े के तहत बनाए जाएंगे आयुष्मान गोल्डन कार्ड, जिला में 79 हजार 121 परिवार है इस योजना के लाभार्थी : डीसी सुजान सिंह
उपायुक्त सुजान सिंह ने नागरिक अस्पताल से झंडी दिखाकर किया विशेष जागरूकता वाहन रवाना, शहर व गांव-गांव जाकर आयुष्मान योजना के लाभार्थियों को करेंंगे गोल्डन कार्ड बनाने के लिए जागरूक
कैथल, 1 मार्च (कृष्ण गर्ग)
विशेष पखवाड़े के तहत आयुष्मान योजना से जुड़े जिन लाभार्थियों ने गोल्डन कार्ड नही बनवाए हैं, उन सभी को जागरूक करने के लिए स्वास्थ्य विभाग द्वारा विशेष वाहन चलाए गए हैं, जिनको नागरिक अस्पताल से उपायुक्त सुजान सिंह ने झंडी दिखाकर रवाना किया। इस मौके पर उपायुक्त सुजान सिंह ने कहा कि आयुष्मान योजना के तहत लाभार्थियों का सरकारी व पैनल के अस्पतालों में 5 लाख रुपए तक का सालाना मुफ्त ईलाज किया जाता है। जिला में 79 हजार 121 परिवार हैं, जो इस योजना में पंजीकृत हैं, उनमें से कई पात्र व्यक्तियों ने अपने गोल्डन कार्ड नही बनवाए हैं, उन सभी को जागरूक करने के लिए विशेष वाहन चलाए गए हैं, ताकि सभी पात्र व्यक्ति गोल्डन कार्ड बनवाकर योजना का लाभ ले सकें।
उपायुक्त सुजान सिंह ने कहा कि स्वास्थ्य विभाग की 34 गाडिय़ां शहर के वार्डों तथा गांव-गांव जाकर आयुष्मान कार्ड बनाने के लिए जागरूक करेंगी। जिला के 350 कॉमन सर्विस सैंटरों में लाभार्थियों के मुफ्त में आयुष्मान कार्ड बनवाए जाएंगे। इसके साथ-साथ सभी प्राथमिक व सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों, नागरिक अस्पतालों के साथ-साथ पैनल के 10 प्राईवेट अस्पतालों में आयुष्मान कार्ड बनाए जाएंगे। उन्होंने कहा कि जिला में कुल 79 हजार 121 परिवारों में से 58 हजार 421 ग्रामीण तथा 20 हजार 700 शहरी परिवार हैं। इन सभी परिवारों के सदस्यों की संख्या मिलाकर लगभग 3 लाख 50 हजार है। अभी तक इनमें से लगभग 1 लाख 50 हजार व्यक्तियों के गोल्डन कार्ड बनवाए जा चुके हैं, बाकि रहे सभी व्यक्तियों के इस विशेष पखवाड़े के तहत आयुष्मान कार्ड बनाने का लक्ष्य रखा गया है, ताकि अधिक से अधिक व्यक्ति इस महत्वकांक्षी योजना का लाभ ले सकें। आयुष्मान से संबंधित जानकारी प्राप्त करने के लिए 14555 ट्रोल फ्री नंबर पर कॉल किय जा सकता है।
इस मौके पर नगराधीश अमित कुमार, सीएमओ डॉ. ओमप्रकाश, डॉ. रेनू चावला, जिला समाज कल्याण अधिकारी कुलदीप शर्मा, डॉ. संदीप जैन, डॉ. जसजीत सिंह आदि मौजूद रहे।

बॉक्स : इन सभी गांवों में बचे हैं बिना आयुष्मान कार्ड बनाए अधिक लाभार्थी
जिला के 18 गांवों में इस योजना से जुड़े अधिक लाभार्थी हैं, जिन्होंने अभी तक आयुष्मान कार्ड नही बनवाया है। गांव पाई में 2067, सेरधा में 1675, राजौंद में 1585, बालू में 1560, क्योडक़ मं 1512, सजूमा में 1458, किठाना में 1392, मटोर में 1389, फरल में 1368, खरक में 1301, हाबड़ी में 1268, सीवन में 1264, पाड़ला में 1222, भागल में 1209, चंदाना में 1082, जाखौली में 1079, सिसला-सिसमौर में 1043, सौंगल में 1015 पात्र व्यक्तियों ने आयुष्मान कार्ड नही बनवाए हैं। उपायुक्त सुजान सिंह ने सभी से आह्वïान किया कि इस विशेष पखवाड़े में सभी अपने आयुष्मान कार्ड बनवाएं।

बॉक्स: जिला के 10 प्राईवेट अस्पताल हैं आयुष्मान भारत के पैनल पर
जिला नागरिक अस्पताल, सभी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों के साथ-साथ जिला के 10 निजी अस्पताल आयुष्मान भारत के पैनल पर हैं, जिनमें सिग्रस अस्पताल, शाह अस्पताल, जयपूर अस्पताल, जयप्रकाश अस्पताल, गणपति अस्पताल, मित्तल सर्जिकल अस्पताल, जैन अस्पताल, कंसल अस्पताल, जनता अस्पताल तथा कीर्ति अस्पताल शामिल हैं।

चेयरमैन बेबाक बोले-न पैसे खाऊंगा और न ही किसी को खाने दूंगा।

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कैथल, 1 मार्च (कृष्ण गर्ग)
हरियाणा पर्यटन निगम के चेयरमैन एवं विधायक रणधीर सिंह गोलन ने कहा कि न तो पैसे खाऊंगा और न ही किसी को खाने दूंगा। हलके में पूरी ईमानदारी और भ्रष्टïाचार मुक्त तरीके से हलके का विकास होगा। कुछ ही समय में पूंडरी शहर चमक उठेगा। कहीं भी लाईट, सडक़ें, सीवरेज जैसी मुख्य समस्याएं नही रहेंगी। संबंधित अधिकारियों को भी हलके के विकास हेतू प्लानिंग तैयार करने के निर्देश जारी किए गए हैं। फिलहाल भी करोड़ों रुपए के विकास कार्य चल रहे हैं, वहीं अन्य विकास कार्यों के लिए धनराशि मंजूर करवाई जा चुकी है। हलके वासी एम.एल.ए. की फिलिंग लेया करो।
चेयरमैन रणधीर गोलन पूंडरी में आर्य समाज मंदिर की 1 करोड़ 43 लाख रुपए से बनने वाली बिल्डिंग के शिलान्यास उपरांत शहर वासियों को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि आर्य समाज मंदिर की पहले वाली बिल्डिंग 1882 में बनकर तैयार हुई थी, जिसके बाद कई वर्ष होने के कारण जर्जर अवस्था में थी, परंतू हलके से कई विधायक बनें, परंतू किसी ने भी नई बिल्डिंग तैयार करवाने की नही सोची। कोरोना काल के कारण थोड़ा विकास कार्यों में अवरूद्ध हुआ था, परंतू अब आर्य समाज मंदिर की 1240 गज में नई बिल्डिंग तैयार करने के लिए टैंडर लग गए हैं और 6 महीनें में ही बिल्डिंग का नया स्वरूप शहर वासियों को मिलेगा। इस बिल्डिंग में पार्किंग की व्यवस्था भी होगी। उन्होंने कहा कि पूंडरक तीर्थ के जीर्णोद्धार हेतू साढ़े 4 करोड़ रुपए की राशि मंजूर हो चुकी है। वहीं हरियाणा के मुख्यमंत्री मनोहर लाल के पास हलके में15 करोड़ रुपए की धनराशि से विकास कार्यों को मंजूर करने के लिए भेजे हुए हैं। इन कार्यों की भी मंजूरी भी जल्द मिल जाएगा। उन्होंने कहा कि पूंडरी के लिए हुड्डïा ग्राउंड में साढ़े 3 करोड़ रुपए की राशि से सामुदायिक हॉल तैयार किया जाएगा, जल्द ही इसका शिलान्यास कार्यक्रम भी होगा। मौके पर ही चेयरमैन ने शहर वासियों को इस कार्यक्रम में पहुंचने का न्यौता भी दिया। शहर में हर मुख्य मार्गों जैसे कि बरसाना रोड, ग्यारह रूद्री, पाई गेट रोड के अलावा अन्य लाईटें लगाई जाएंगी, ताकि शहर रात को जगमगा उठेे।
चेयरमैन रणधीर गोलन ने कहा कि मुख्यमंत्री मनोहर लाल के नेतृत्व में सबका साथ-सबका विकास की रणनीति पर हलके में कार्य करवाए जा रहे हैं। हर वर्ग को साथ लेकर चल रहे हैं। हर वर्ग की चौपालों हेतू बजट अलाट किया जा रहा है। धन की कोई कमी नही है, सामुहिक कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर किया जा रहा है। गंदे पानी की निकासी हेतू सीवरेज सिस्टम स्थापित किए जा रहे हैं। इसके अलावा शिक्षा, बिजली, स्वास्थ्य व अन्य मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध करवाने के लिए प्रयास जारी हैं। इस मौके पर अनिल आर्य, जयपाल सैनी, भूपेंद्र सिंह, सुधीर हैडमास्टर, ईश्वर मोहना, रामपाल टाया, डॉ. सुभाष बंसल, यशपाल आर्य, टेकचंद सैनी, कीमत बंसल, डॉ. सुल्तान सिंह, रणदीप आर्य, रणवीर, मोनू खुराना, पवन सैनी, मंदीप राज गोलन, बलजीत, बॉबी सैनी, ईश्म सिंह आदि मौजूद रहे।
फोटो- केटीएल01

खाली सिलेंडर व चूल्हे तुड़ी वाले कमरों में पड़े है या कुंटीयों पर टंगे,

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कैथल, 01 मार्च ( कृष्ण गर्ग)
भाजपा सरकार के द्वारा बी पी एल धारकों की महिलाओं की आंखें धुयें से बचाने के लिये चलाई गई उज्जवला योजना अब केवल कागजों तक सिमट कर रह गई है। जिस कारण से आर्थिक स्थिति के चलते महिलाओं का दुबारा से अपना भोजन उपलों तथा लकड़ी की आग में बना पड़ रहा है और अपनी आंखें धुयें में खराब करनी पड़ रही है और गैस के खाली सिलेंडर व चूल्हे तुड़ी वाले कमरों में पड़े है या कुंटीयों पर टंग गये है।
गृहणी अंगुरी देवी, सोमी देवी, धन्नो देवी, मुकेश देवी, सीमा, माया, बिमला, समिता रानी, पुजा, रीना देवी तथा खुशबू रानी ने बताया कि सरकार के द्वारा बी पी एल परिवारों की महिलाओं की आंखें धुयें से बचाने के लिये उज्जवला योजना के तहत गैस के सिलेंडर के कैन्कशन दिये थे। उस समय उनसे सिलेंडर व गैस का चूल्हा 1600 रुपये लेकर दिया गया था। उस समय सिलेंडर के दाम लगभग 450 के आसपास थे। उनको लग रहा था कि यदि ये दाम यही रहे तो वे ऐसे कैसे करके सिलेंडर समाप्त होने पर भरवाते रहेंगे, परन्तु अब दाम आसमान छूने लग गये है। इतने ज्यादा दाम देकर सिलेंडर भरवाना अब उनके वंश में नही है। अब दुबारा से उनको अपना खाना बनाने में गोबर के उपलों तथा लकड़ी का सहारा लेना पड़ रहा है। जिससे उनकी धुयें से छुटकारा पाने की आस धूमिल हो गई। सिलेंडर न भरवाने की सुरत में अब महिलाओं ने ये सिलेंडर इधर- उधर तुडी के कमरों में रख दिया है। कई महिलाओं ने कुटियों पर टांग दिया तो कइयों ने टांढ़ पर रख दिये है। अब उनको लगने लगा है कि उस समय सरकार के बहकावे में आकर उन्होंने बहुत बड़ी गलती की है। जिस कारण से उनके 1600 रुपये बेकार में चले गये है। सरकार को चाहिये कि उनसे लिये गये पैसे या तो वापस करे या सस्ते दामों में सिलेंडर दे।
फोटो- 1. उपलों व लकड़ी के धुयें में खाना बनाती महिलायें।
2. तुड़ी वालों में पड़े तथा कुंटियों पर टंगे गैस के खाली सिलेंडर।

पाई में हल्का विधायक के साथ-साथ भाजपा- जजपा के सांसदों, विधायकों तथा नेताओं पर के बढऩे पर रोक

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कैथल, 19 फरवरी (कृष्ण गर्ग)
शुक्रवार को पाई की अनाज मंडी में किसान मजदूर की एक बैठक का आयोजन किया गया, जिसमें अनेक अहम फैसले लिये गये। बैठक में हल्का विधायक के साथ-साथ भाजपा- जजपा के सांसदों, विधायकों तथा नेताओं पर के बढऩे पर रोक लगाने तथा गेहूं के सीजन के दौरान बार्डर पर जाने के लिये लोगों की डयूटियां भी लगाई गई। बैठक की अध्यक्षता किसान नेता गजे सिंह ने की। बैठक में सबसे पहले सर्वसम्मति से गाँव में बीजेपी-जेजेपी नेताओं व सरकार के समर्थक निर्दलीय विधायक के प्रवेश पर रोक लगाने का प्रस्ताव रखा गया, जिसका बैठक में उपस्थित सभी लोगों ने एक मत से पास कर दिया।
उसके बाद बैठक में बताया गया कि यह आंदोलन सरकार की हट के कारण लम्बा चल सकता है, जिस कारण से गर्मी के बढ़ते मौसम की समस्याओं के समाधान के लिए टीकरी बार्डर पर सबमर्सीबल पंप लगाया गया। गर्मी में मच्छरों-बिमारियों से बचाव के लिए गड्ढों में जेसीबी लगाकर मिट्टी भराई का कार्य कर गंदगी ना फैलाने पर रोक का विचार किया गया। टीकरी बार्डर पर भंडारे में सादे और पौष्टिक भोजन पर ध्यान व डिस्पोजल पर रोक लगा कर बर्तनों के प्रयोग की बात कही। बैठक में गेहूं के सीजन के दौरान गांव की पट्टियों के अनुसार डयुटी लगाई गई। गाँव के सभी लोगों को अपनी ड्यूटी अनुसार दिल्ली आंदोलन में पहुंचने को कहा गया। इसके सभी ही खर्चों को पूरा करने के लिए गाँव में चल रही उगाही को निरंतर रखा जाएगा। इस अवसर पर गजे सिंह, वीरेंद्र, मोनू रोड़, राजेंद्र कैरा, राम मेहर बीटु, दिलबाग, महेंद्र, राजबीर, दिलबाग सिंह, रणबीर, आदि सभी जातियों और पट्टियों के गणमान्य लोग उपस्थित थे व सभी जातियों के लोगों ने अपने विचार रखे।

सरकार द्वारा किसानों के ब्याज के रूप में आढ़तियों से काटी गई अरबों की राशि, पता नही मिलेंगी या नही, यह कहां पड़ी है, इसका भी नही पता।

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सरकार द्वारा किसानों के ब्याज के रूप में आढ़तियों से काटी गई अरबों की राशि, पता नही मिलेंगी या नही,
यह कहां पड़ी है, इसका भी नही पता।
कैथल, 11 फरवरी (कृष्ण गर्ग)
प्रदेश सरकार के द्वारा किसानों के ब्याज के नाम पर आढ़तियों की आढ़त में से पिछले लगभग 9 महीने से अरबों रुपये की राशि रोक रखी है। इतनी बढ़ी राशि रोके के बाद भी विभाग के पास इसका कोई रिकार्ड नही है और न ही यह पता कि यह राशि किसानों को ब्याज के रूप में या फिर आढ़तियों की मांग के बाद वापिस आढ़तियों को दी जायेंगी। इसका खुलासा एक आर टी आई के माध्यम से हुआ है। आर टी आई कार्य कर्ता कृष्ण लाल ने खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले निदेशालय के जन सुचना अधिकारी एवं अतिरिक्त मुख्य सचिव खाद्य नियंत्रक पी के दास से सुचना मांगी थी कि वर्ष 2020 में गेहूं के सीजन में प्रदेश की मंडियों के आढ़तियों की आढ़त में से जिला अनुसार ब्याज के रूप में काटी गई राशि, किसानों को या आढ़तियों को वापस मिलेगी या नही तथा कब मिलेगी और रोके का कारण जाना गया था। इस पर विभाग ने बताया कि इसके बारे में उनके विभाग व गेहूं खरीद एजेंसियों के मुख्यालयों में इस बारे में कोई भी जानकारी नही है। किसानों को भुगतान जिला मुख्यालयों से बजट के अनुसार किया जाता है तो वहां से यह जानकारी प्राप्त करे।

क्या है मामला।
पिछले वर्ष 2020 में गेहूं के सीजन में किसानों की फसल का भुगतान पहले सरकार के निर्देश पर खाद्य, नागरिक आपूर्ति चंडीगढ़ के द्वारा पहले आढ़तियों के खाते में लगभग 15 से 30 दिनों के अंदर किया गया और आढ़तियों को निर्देश दिये गये कि वे किसानों की यह राशि पोर्टल के द्वारा दुबारा से तीन दिन के अंदर सरकार के द्वारा तय सरकारी कम्पनी के खाते में की जाये। उसके बाद सरकार कम्पनी के माध्यम से किसान को उसकी फसल का भुगतान सीधा उसके खाते में किया जायेगा। आढ़तियों ने ऐसा ही किया परन्तु भुगतान आढ़तियों के खाते में बैंक समय के बाद आने तथा आगे सरकारी छुट्टियां होने के चलते सरकार दुबारा से पोर्टल के द्वारा वापस करने में तीन दिन से ज्यादा लग गये। जिस कारण से सरकार ने खरीद एजेंसियों के माध्यम से इस देरी का भुगतान करने पर आढ़तियों की आढ़त में से ब्याज के रूप में कुछ राशि काट ली गई। पाई मंडी के आढ़ती रणधीर सिंह एंड संस ने बताया कि एक एक आढ़ती से यह राशि हजारों व लाखों की राशि को अवैध रूप से काट लिया गया। पूरे हरियाणा में यह अरबों रुपये की बनती है और सरकार के द्वारा इस विभाग के माध्यम से न तो किसानों को दी गई और न ही आढ़तियों को उनकी मांग के बाद वापस दी गई।

जिला मुख्यालयों पर नही है जानकारी।
आर टी आई के द्वारा सरकार व उनके विभाग तथा खरीद एजेंसियों के द्वारा ऐसी जानकारी से इंकार कर जिला मुख्यालयों पर उनके खाद्य नियंत्रकों पर से जानकारी लेने की कही गई तो कैथल के जिला खाद्य एवं आपूर्ति नियंत्रक प्रमोद शर्मा ने कहा कि उनके पास इसकी जानकारी नही है और उनके विभाग के अनुभाग से सम्पर्क करके जानकारी ले ले। जिस पर विभाग के अनुभाग के अधिकारी रमेश कुमार ने बताया कि विभागों के पास ब्याज काट कर जो राशि आढ़त की बनती थी उसका बजट बनाकर भेजने का सरकार का निर्देश था और ब्याज काट कर आढ़त का बजट बनाया गया था, जो सरकार ने भेज दिया था। वह आढ़तियों को कर दिया गया था। सरकार के मुख्यालय पर खरीद की गई सारी फसल की जो आढ़त बनती है, उसमें से यह ब्याज काट कर आई राशि जो आढ़तियों को दी गई, बाकी की राशि का हिसाब सरकार के खाद्य मुख्यालय पर ही है। यह राशि सरकार के आदेशानुसार ही बजट के माध्यम से दी जायेगी।

20 फरवरी को सुबह 7 बजे सैक्टर-20 में आयोजित होगा स्वच्छ थोंन कार्यक्रम : गुप्ता

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20 फरवरी को सुबह 7 बजे सैक्टर-20 में आयोजित होगा स्वच्छ थोंन कार्यक्रम : सीएमजीजीए पांखुरी गुप्ता
कैथल, 10 फरवरी (कृष्ण गर्ग)
मुख्यमंत्री सुशासन सहयोगी पांखुरी गुप्ता ने बताया कि नगर परिषद द्वारा सैक्टर 20 में डीएमसी कार्यालय के पास 20 फरवरी को सुबह 7 बजे स्वच्छ थोंन कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा। इस कार्यक्रम के तहत फ्री हैल्थ चैकअप जिसमें ब्लड प्रेशर, शुगर

ब्लड टैस्ट आदि किए जाएंगे। इसके अलावा स्वच्छता विषय पर कविता लेखन, ड्राइंग एवं नृत्य आदि प्रतियोगिताएं आयोजित की जाएगी। इस कार्यक्रम के लिए रजिस्ट्रेशन कार्यक्रम स्थल पर नि:शुल्क में किया जाएगा। उन्होंने बताया कि प्रथम पुरस्कार प्राप्त

करने वाले प्रतिभागी को 6 हजार, द्वितीय को 4 हजार रुपए तथा तृतीय स्थान प्राप्त करने वाले प्रतिभागी को 2 हजार रुपए नकद राशि, ट्राफी व प्रमाण पत्र भी दिए जाएंगे। इस कार्यक्रम में मैराथन करवाई जाएगी, जिसमें सहभागियों को प्रमाण-पत्र वितरित किए

जाएंगे। ज्यादा से ज्यादा प्रतिभागी इन प्रतियोगिता में शामिल हों। इस कार्यक्रम के बारे में अधिक जानकारी के लिए मोबाईल नंबर 99924-24348 पर संपर्क कर सकते हैं।

कैथल के उपायुक्त ने अपनी बेटी के विवाह पूर्व बांटी मिठाई।

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कैथल के उपायुक्त ने अपनी बेटी के विवाह पूर्व बांटी मिठाई।
कैथल, 10 फरवरी (कृष्ण गर्ग)
वर्तमान परिवेश में बेटियों को लेकर समाज की सोच में सकारात्मक परिवर्तन आया है। आज बेटियां किसी भी क्षेत्र में बेटों से कम नही है, बल्कि उनसे आगे निकल चुकी है। बेटी के जन्मोत्सव व विवाह समारोह को धूमधाम से मनाने का चलन समाज में

चल पड़ा है, जोकि बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ और बेटियों को आगे बढ़ाओ की अवधारणा को पूर्ण कर रहा है। कुछ ऐसा ही उदारहण जिला में देखने को मिला, जब उपायुक्त सुजान सिंह ने अपनी बेटी विभा यादव की शादी, जोकि 16 फरवरी को होनी

निर्धारित है, उसकी खुशी को अभी से मनाना शुरू कर दिया है। अहम पहलू यह है कि उन्होंने अपनी बेटी की होने वाली शादी के उपलक्ष में फ्रंटलाईन कोरोना वारियर्स नगर परिषद के सभी सफाई कर्मचारियों को मिठाई वितरित कर एक उदाहरण पेश किया

है। उपायुक्त के निजी सचिव रमेश कुमार ने सभी कर्मचारियों को खुद जाकर मिठाई वितरित की। इस संदर्भ में यूनियन के प्रधान शिव चरण ने कहा कि ऐसा पहली बार हुआ है कि इतने बड़े अधिकारी द्वारा बेटी की शादी के उपलक्ष में सभी को मिठाई के

डब्बे वितरित किए हैं और सभी को अपने खुशी के पलों में शामिल किया है। इसी प्रकार नगर परिषद सफाई कर्मचारी प्रधान महेंद्र बिडलान व अन्य कर्मचारियों ने उपायुक्त सुजान सिंह की इस सोच सकारात्मक बताते हुए विभा यादव की शादी की मंगल क

ामना की और उनके सुखद जीवन की परमात्मा से अरदास की।

बेटियां नही हैं किसी भी क्षेत्र में पीछे,

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बेटियां नही हैं किसी भी क्षेत्र में पीछे, प्रतिस्पर्धाओं में उत्कृष्टï प्रदर्शन करके बेटियां कर रही हैं, अपने माता-पिता तथा प्रदेश का नाम रोशन : सीटीएम अमित कुमार
बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ अभियान के तहत हुआ बालिका दिवस कार्यक्रम का आयोजन, करवाई गई विभिन्न प्रतिस्पर्धाएं
कैथल, 22 जनवरी (कृष्ण गर्ग)
नगराधीश अमित कुमार ने कहा कि वर्तमान परिवेश में बेटियां किसी भी क्षेत्र में बेटों से पीछे नही हैं, बल्कि कई क्षेत्रों में अपनी प्रतिभा के बल पर बेटों से भी आगे निकल गई हैं। प्रदेश की बेटियां खेलों व अन्य प्रति स्पर्धाओं में उत्कृष्टï प्रदर्शन करके अपने साथ-साथ माता-पिता तथा प्रदेश का नाम रोशन कर रही हैं।
नगराधीश अमित कुमार बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ अभियान के तहत लघु सचिवालय परिसर स्थित ईवीएम वेयर हाउस के सभागार में बालिका दिवस कार्यक्रम में बतौर मुख्यातिथि बोल रहे थे। इससे पहले नगराधीश अमित कुमार, कार्यक्रम अधिकारी उर्मिल सिवाच ने मेहंदी, वेस्ट टू बैस्ट तथा रंगोली प्रतियोगिता का अवलोकन किया। सीटीएम अमित कुमार ने प्रतियोगिता में अव्वल स्थान प्राप्त करने वाली लड़कियों, आंगनवाड़ी वर्करों तथा सुपरवाईजर्स को सम्मानित किया। इस मौके पर नगराधीश अमित कुमार ने अपने संबोधन में कहा कि हम सभी को बेटियों को बेटों के समान आगेे बढऩे के समान अवसर देने होंगे। आज के दौर में बेटा-बेटी में कोई फर्क नही है, बल्कि बेटियां विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्टï कार्य कर रही हैं। प्रदेश की बेटियां खेलों के साथ-साथ सेना में भी भर्ती हो रही है, जोकि नारी सशक्तिकरण का बहुत बड़ा उदाहरण हैं।
कार्यक्रम अधिकारी उर्मिल सिवाच ने कहा कि बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ अभियान के तहत 26 जनवरी तक विभिन्न कार्यक्रमों का आयोजन किया जाएगा, जिनमें लड़कियों की प्रति स्पर्धाएं, लड़कियों का जन्म दिन मनाना, पौधा रोपण अभियान, लड़कियों की कैरियर काउंसलिंग तथा उन लड़कियों को सम्मानित किया जाएगा, जिन्होंने खेलों, शिक्षा व अन्य क्षेत्रों में उत्कृष्टï कार्य किया है। उन्होंने कहा कि समाज को बेटियों के प्रति सकारात्मक सोच रखनी होगी, तभी हम बेटा-बेटी के फर्क को खत्म कर पाएंगे।
इस मौके पर सीडीपीओ सुमन, सुनीता, बिमला, सतपाल, शिक्षा गागट, खेमलता, मुकेश कुमार, गौरव, सिकंदर, संदीप आदि मौजूद रहे।
फोटो: 1

बॉक्स: ये रहे प्रतियोगिताओं में विजेता
बालिका दिवस कार्यक्रम की मेहंदी प्रतियोगिता में पलक प्रथम, उर्वशी द्वितीय तथा नेहा तृतीय, वेस्ट टू बैस्ट यानि बेकार सामान से सजावजी चीजे बनाने की प्रतियोगिता में नीलम, सीमा, रेखा समूह प्रथम, सिंदरपाल, बलवंत कौर समूह द्वितीय तथा सुनीता व कविता समूह तृतीय स्थान पर रहे। इसी प्रकार रंगोली प्रतियोगिता में सुपरवाईजर मंजू बंसल पहले, पिंकी दूसरे तथा पूजा तीसरे स्थान पर रही।

अप्रैंटिसशिप योजना की उपायुक्त सुजान सिंह ने ली समीक्षा बैठक, दिए आवश्यक दिशा-निर्देश, कहा- सभी विभाग रखें तयमापदंडानुसार प्रशिक्षु

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अप्रैंटिसशिप योजना की उपायुक्त सुजान सिंह ने ली समीक्षा बैठक, दिए आवश्यक दिशा-निर्देश, कहा- सभी विभाग रखें तयमापदंडानुसार प्रशिक्षु
कैथल, 22 जनवरी (कृष्ण गर्ग)
उपायुक्त सुजान सिंह ने कहा कि सरकार द्वारा चलाए जा रहे अप्रैंटिसशिप योजना के तहत विभागाध्यक्ष अपने स्टाफ की संख्या के अनुसार 10 प्रतिशत प्रशिक्षु लगाना सुनिश्चित करें। इस कार्य में किसी भी प्रकार की कोताही व देरी नही होनी चाहिए। इस व्यवस्था से जहां युवाओं को अप्रैंटिसशिप के तहत विभिन्न क्षेत्रों में कार्य करने का मौका मिलेगा, जो उनके भविष्य में काम आएगा, वहीं संबंधित विभागों को भी मैन पॉवर मिलेगी।
उपायुक्त सुजान सिंह लघु सचिवालय में अप्रैंटिसशिप योजना विषय पर विभिन्न विभागों के अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दे रहे थे। उपायुक्त सुजान सिंह ने कहा कि सभी अधिकारी अपने-अपने विभाग में नियमानुसार अप्रैंटिस प्रशिक्षु रखें और इस कार्य में कोई भी लापरवाही नही बरतें। उन्होंने कहा कि कुछ विभागों ने 10 प्रतिशत के हिसाब से अप्रैंटिस पर बच्चों को रख लिया हैं, जोकि जरूरी है। जिन विभागों ने अप्रंैटिस पर बच्चों को नही रखा है, वे भी इसकी प्रक्रिया जल्द पूरी करके रिपोर्ट प्रस्तुत करेंं। इस मौके पर आईटीआई प्रिंसीपल सतीश मच्छाल, सतबीर सिंह, अनिल के अलावा विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।

पतंग उड़ाने के लिए चाईना डोर के स्टोर करने, बिक्री तथा खरीद पर लगाया प्रतिबंध

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पतंग उड़ाने के लिए चाईना डोर के स्टोर करने, बिक्री तथा खरीद पर लगाया प्रतिबंध
कैथल, 22 जनवरी (कृष्ण गर्ग)
जिलाधीश सुजान सिंह ने भारतीय दंड प्रक्रिया 1973 की धारा 144 के तहत जिला कैथल की संपूर्ण परिधि में आगामी 2 मास तक पतंग उड़ाने के लिए प्रयोग की जाने वाली चाईना डोर अथवा दूसरे अन्य सिंथैटिक वस्तु के स्टोर करने, बिक्री तथा खरीद पर तुरंत प्रभाव से प्रतिबंध लगाने के आदेश जारी किए हैं। यह आदेश पतंग उड़ाने के लिए चाईना डोरी अथवा अन्य सिंथैटिक वस्तु से मानव जीवन को होने वाले नुकसान के मद्देनजर जारी किए गए हैं। इन आदेशों की पालना पुलिस अधीक्षक द्वारा सुनिश्चित की जाएगी तथा आदेशों की उल्लंघना का दोषी पाए जाने वाले व्यक्ति के खिलाफ भारतीय दंड संहिता की धारा 188 के तहत कार्रवाई की जाएगी।

कैथल-जींद रोड पर विकसित हो रही अवैध कालोनियों पर चलाया गया पीला पंजा, निरंतर जारी रहेगा यह अभियान : उपायुक्त सुजान सिंह

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कैथल-जींद रोड पर विकसित हो रही अवैध कालोनियों पर चलाया गया पीला पंजा, निरंतर जारी रहेगा यह अभियान : उपायुक्त सुजान सिंह
कैथल, 22 जनवरी (कृष्ण गर्ग)
जिला में विकसित हो रही अवैध कॉलोनियों पर कड़ी कार्रवाई अमल में लाई जा रही है। जिला नगर योजनाकार कार्यालय व ड्यूटी मैजिस्ट्रेट ईश्वर सिंह नायब तहसीलदार के पूरे अमले द्वारा शहर में कैथल-जींद रोड पर जीवन राईस मिल के नजदीक साढ़े 6 एकड़ मेें पनप रही अवैध कालोनी में निर्माणाधीन 14 रिहायशी मकानों की नींव व मौके पर बनी मिट्टïी की सडक़ों को जेसीबी की मदद से हटाया गया।
उपायुक्त सुजान सिंह ने बताया कि जिला में पनप रही अवैध कालोनियों पर जिला नगर योजनाकार कार्यालय द्वारा आवश्यक कार्रवाई अमल में लाई जा रही है। भूमि भू मालिकों द्वारा बिना विभागीय अनुमति के अर्बन एरिया कैथल के अंतर्गत पडऩे वाली राजस्व सम्पदा, गांव पट्टïी चौधरी में कैथल-जींद रोड पर जीवन राईस मिल के नजदीक अवैध कालोनी विकसित करने का मामला सामने आया था, जिसके उपरांत विभाग द्वारा भूस्वामी और प्रॉपर्टी डीलरों को एचडीआर एक्ट 1975 की धाराओं के तहत नोटिस जारी करके कॉलोनी विकसित करने के लिए जरूरी अनुमति प्राप्त करने वाले आदेश दिए गए थे, परंतु भूस्वामी और प्रॉपर्टी डीलरों द्वारा न तो मौके पर बनाई जा रही अवैध कालोनी का निर्माण रोका और न ही विभाग से किसी प्रकार की अनुमति ली। पीला पंजा चलाने के साथ-साथ अवैध कालोनी विकसित करने वालों के खिलाफ कार्रवाई भी अमल में लाई जा रही है।
जिला नगर योजनाकार अनिल कुमार नरवाल ने बताया कि आम लोगों को जागरूक भी किया जा रहा है कि वह सस्ते प्लाट के चक्कर में प्रॉपर्टी डीलरों के बहकावे में न आए और न ही अवैध कालोनियों में प्लाट खरीदें। मकान खरीदने से पहले जिला योजनाकार कार्यालय से पूर्ण जानकारी प्राप्त कर लें। सभी प्रॉपर्टी डीलर का भी आह्वïान किया गया है कि वे सरकार द्वारा चलाई गई हाउसिंग स्कीम, दीनदयाल हाउसिंग स्कीम, अफॉर्डेबल हाउसिंग स्कीम, जिसमें 5 एकड़ भूमि पर लाइसेंस प्रदान किया जाता है। कॉलोनी काटने की जरूरी अनुमति प्राप्त करें, ताकि शहर वासियों को सस्ता मकान उपलब्ध हो सके। यदि कोई व्यक्ति अवैध कालोनी में प्लाट आदि खरीदता है तो उसके विरूद्ध भी कार्यालय द्वारा कानूनी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी, जिसमें 50 हजार रुपए तक का जुर्माना व तीन साल की सजा प्रावधान है। विभाग द्वारा जुलाई माह में अवैध कलोनाईजेशन के विरूद्घ तोड़-फोड़ कार्यक्रम तैयार किया जा रहा है।

गुरनाम सिंह चढूनी जैसे राजनीतिक महत्वाकांक्षा के लालची कथित किसान नेता की वजह से पूरी किसान जाती बदनाम

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कैथल, 18 जनवरी (कृष्ण गर्ग)
गुरनाम सिंह चढूनी जैसे राजनीतिक महत्वाकांक्षा के लालची कथित किसान नेता की वजह से पूरी किसान जाती बदनाम हुई है! संयुक्त किसान मोर्चा जल्द से जल्द चढूनी को इस आंदोलन से पूर्ण रूप से बाहर निकाले अन्यथा इनके षड्यंत्र से यह पवित्र आंदोलन खात्मे की तरफ चला जाएगा!
यह बात भारतीय किसान यूनियन (टिकैत) के चेयरमैन आल इंडिया लीगल सैल ब्रहम सिंह दहिया ने मीडिया को जारी बयान में कही!
दहिया ने कहा कि दलाली करना गुरनाम सिंह चढूनी का पुराना पेशा है! वसूली के कारण कई मामलों में पहले भी संलिप्तता सामने आई है! इन्ही कृत्यों की वजह से चढूनी को पूर्व में भारतीय किसान यूनियन ने बाहर निकाला था और चढूनी ने फिर अपना अलग संगठन बना लिया था! दहिया ने कहा कि संयुक्त किसान मोर्चा चढूनी का किसान यूनियन से स्थाई निष्कासन करे अन्यथा यह आंदोलन तोडऩे का षड्यंत्र रचता रहेगा!
एडवोकेट ब्रहम सिंह दहिया ने कहा कि संयुक्त किसान मोर्चा को कई बार आगाह किया था! राजनीतिक महत्वाकांक्षा के चलते किसानों का इस्तेमाल करने वालों का करें पूर्ण बहिष्कार होना चाहिए!
स्वयंभू किसान यूनियन के नेता गुरनाम सिंह चढूनी किसान आंदोलन को तोडऩे का काम कर रहे हैं! वे खुद हीरो बनने के चक्कर में समस्त किसानों को अंतर्राष्ट्रीय पटल पर बदनाम करा रहे हैं! अन्नदाता किसान हमेशा शांति प्रिय आंदोलन करता रहा है, यही उसकी पहचान है! गुरनाम सिंह चढूनी जैसे अति महत्वाकांक्षी लोग तोड़ फोड़ कराकर किसानों की छवि खराब करा रहे हैं! इस कृत्य की जितनी निंदा की जाए उतनी कम है!
दहिया ने कहा कि मैंने संयुक्त किसान मोर्चा से कहा था कि चढूनी से सावधान रहे! वह आंदोलन तोडऩे की साजिश रच रहे हैं! दहिया ने कहा कि शांति पूर्ण रूप से प्रदर्शन करना किसान यूनियन की पहचान रही है! चढूनी के कहने पर हुए करनाल के कैमला प्रकरण ने किसानों की छवि को खराब किया है! उन्होंने कहा कि किसानों को उग्र कर चढूनी जैसे लोग अपना नाम चमकाना चाहते हैं! किसान को जनता आदरभाव से देखती रही है, लेकिन ऐसे प्रकरण लोगों के मन में किसान के प्रति दुर्भावना पैदा करते हैं! किसान ने शदियों की कठोर तपस्या के बाद अपनी शांति प्रिय छवि बनाई है, लेकिन गुरनाम चढूनी जैसे कथित किसान नेता भोले-भाले किसानों को उकसाकर निजी हित साधने में लगे हैं! ऐसे नाम चमकाऊ लोगों की मंशा व कृत्य की जितनी निंदा की जाए कम है!
किसानों से आह्वान
ब्रहम सिंह दहिया ने किसानों से आह्वान किया कि वे ऐसे लोगों के बहकावे में न आएं और उनका बायकाट करें! उन्होंने संयुक्त किसान मोर्चा से भी आह्वान किया कि नाम के भूखे गुरनाम सिंह चढूनी जैसे लोगों को कमेटी से बाहर करें! गुरनाम सिंह चढूनी के भडक़ाऊ बयान आंदोलन के टूटने का कारण बन सकते हैं! वे बार-बार वीडियो जारी कर किसानों को उग्र होकर दंगे करने के लिए प्रेरित कर रहे हैं! अब राजनीतिक पार्टियों से पैसे लेकर आंदोलन की दिशा भटकाने का पटाक्षेप हो चुका है! आंदोलन शांति प्रिय ढंग से चल रहा है, लेकिन अब आंदोलन की आड़ में तोड़ फोड़ शुरू हो गई है, जो आंदोलन को कमजोर कर रही है! दहिया ने कहा कि वे दशकों से आंदोलन करते आ रहे हैं, लेकिन कभी किसी पर हाथ नहीं उठाया, यही वजह रही कि आंदोलन हमेशा सफल रहे! अराजकता फैलाकर खौफ पैदा करना किसान का काम नहीं है! उन्होंने पुन: किसानों व किसान नेताओं से आह्वान किया कि चढूनी जैसे लोगों की बातों में न आएं व सख्ती बरतते हुए उसे आंदोलन से बाहर निकालें ताकि भविष्य में कोई भी ऐसी हरकत न करे!
दहिया ने कहा कि महत्वाकांक्षा व मनमानी के कारण गुरनाम सिंह चढूनी कई बार किसान आंदोलन स्थल से भगाए जा चुके हैं! टीकरी बार्डर व सिंघू बार्डर पर आपत्तिजनक भाषण देने पर उन्हें मंच से उतारा जा चुका है, लेकिन वे अपनी नामचमकाऊ हरकतों से बाज नहीं आ रहे! दहिया ने चेतावनी भरे लहजे में कहा कि वे ऐसे लोगों के सख्त खिलाफ हैं और ऐसे प्रकरण की साजिश रचने वालों की निंदा करते हैं!
फोटो- केटीएल0ृ

प्रदेशाध्यक्ष गुरनाम सिह चढुनी पर लगे गम्भीर आरोपों का भी खंडन

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कैथल, 18 जनवरी (कृष्ण गर्ग)
सोमवार को पाई के धर्म कुंड पर ग्रामीणों की एक महापंचायत हुई। जिसमें 26 जनवरी को किसानों द्वारा दिल्ली व जिला स्तर पर गणतंत्र दिवस पर परेड करने की रूप रेखा तैयार की गई। महापंचायत में किसान यूनियन के प्रदेशाध्यक्ष गुरनाम सिह चढुनी पर लगे गम्भीर आरोपों का भी खंडन किया गया। यह महापंचायत लगभग दो घंटे चली। जिसमें पूर्व सरपंच ओम प्रकाश, करतारा, बलवान, राम मेहर उर्फ बिट्टु, राजेंद्र कैरा, राजेश ढुल, सुरेंद्र ढुल, सत्यवान ढुल, राम कुमार, डी सी ढुल, कर्ण सिंह, बलजीत, चंद्रभान मास्टर, हरदीप, कृष्ण कुमार, सतीश सहित सैकड़ों ग्रामीणों ने भाग लिया। पंचायत में किसानों को बताया गया कि इस आंदोलन में प्रदेश की ओर से दो किसान नेता गये हुये है। जिनमें किसान नेता गुरनाम सिंह चढुनी पर कांग्रेस से मिली भगत के आरोप शिव कुमार काका की ओर से लगाने की एक खबर जान बुझ कर आंदोलन को तोडऩे के लिये प्रकाशित की गई। यह खबर गलत है और खुद जिसके हवाले से यह आरोप लगाये गये है, उन्होंने अपनी विडियों प्रसारित करके इसका खंडऩ किया है।
महा पंचायत में यह भी कहा गया कि पाई में जितने भी ट्रैक्टर व दूसरे चार पहिया वाहन है, सभी 22 जनवरी को पाई से किसान यूनियन के झंडे लगाकर एक रैली के रूप में दिल्ली 26 जनवरी की परेड़ में शामिल होन के लिये जायेंगे, जिनकी संख्या लगभग 500 के करीब है। महापंचायत में यह भी फैसला लिया गया कि जो किसी कारण वंश दिल्ली नही जा सकते वे और दो पहिया वाहन जिला स्तर पर जिला कमेटी की ओर से निकाली जाने वाली परेड में शामिल होगे।

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