उनके फैसले गरीबों को पसंद कड़क चाय की तरह – प्रधानमंत्री

0
308
गाजीपुर में लोगों को संबोधित करते पीएम मोदी...

गाजीपुर( navbharat)
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोमवार को लगातार दूसरे दिन नोटबंदी को लेकर पीएम ने कहा कि उनके फैसले गरीबों को पसंद कड़क चाय की तरह होते हैं।गंगा नदी के ऊपर बनने वाली रेल लाइन और पुल के निर्माण कार्य की नींव रखने गाजीपुर पहुंचे मोदी ने कहा कि आपातकाल लगा कर देश को 19 महीने ‘जेलखाना’ बना देने वाली कांग्रेस, आज नोटबंदी से लोगों को हो रही तकलीफ पर राजनीति कर रही है।
गाजीपुर में आरटीआई मैदान में जुटी भारी भीड़ को संबोधित करते हुए मोदी ने कहा कि काले धन पर जनता से उन्होंने जो वादा किया था, वह उसी को पूरा कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि वह जानते हैं कि नोटबंदी के चलते लोगों को बहुत तकलीफ हो रही है, पर अच्छे काम करने में थोड़ी तकलीफ झेलनी पड़ती है। मोदी ने कहा कि वह रात-रात भर जगकर लोगों की तकलीफ को जितना हो सके, कम करने की कोशिश कर रहे हैं। यूपी में बीजेपी का चुनावी शंखनाद करते हुए मोदी ने अपने भाषण में विरोधियों पर चुन चुन कर हमले किए। खास तौर पर कांग्रेस पीएम के निशाने पर रही। मोदी ने कहा, ‘आज जनता की चिंता करने वाली कांग्रेस ने ही 19 महीने आपातकाल लगा कर इस देश को जेलखाना बना दिया था। हिंदुस्तान के लिए जीने मरने वालों को जेल में बंद कर दिया था। गद्दी बचाने के लिए आपने देश को जेलखाना बना दिया था। मैंने तो बस 50 दिन मांगे हैं। मेरे फैसला कड़क है, मैं जब छोटा था तो गरीब लोग कहते थे कि चाय जरा कड़क बनाना। लोकतंत्र देस की सरकार की देस की जनता द्वरा चुनी जती हे.जब देस की जनता आधे से ज्याद लोग ईमानदार हो जाये तो उस देस को पूरी ईमानदार देस बनने मे कोई नेहीं रोक सकता हे. कांग्रेस पर तंज कसते हुए पीएम ने कहा, ‘कांग्रेस के वकील भाषण दे रहे हैं, पूछ रहे हैं कि किस कानून के तहत 1000-500 के नोट बंद किए। मैं पूछना चाहता हूं कि अपने राज में चवन्नी किस कानून के तहत बंद की थी। आपने अपने स्तर का काम किया, हमने अपने स्तर का।’ वहीं मोदी ने यूपी की पूर्व मुख्यमंत्री मायावती को भी निशाने पर लिया। मोदी ने कहा, ‘कुछ पार्टियां परेशान हैं, उनको चिंता सता रही है, अब नोटों की मालाएं कहां से आएंगी।’ साथ ही ईमानदारी का जिक्र करते हुए पीएम ने दिल्ली के सीएम केजरीवाल को भी आड़े हाथों लिया। उन्होंने कहा, ‘ईमानदारी के नाम पर देश की जनता को गुमराह करने वाले नेताओं में अगर हिम्मत है तो सार्वजनिक तौर पर बताएं कि काले धन के खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए या नहीं।’ प्रधानमंत्री ने कहा किआतंकवाद और नक्सलवाद फैलाने के लिए पैसा सीमापार से आता है जिसे रोकने के लिए यह कार्रवाई जरूरी थी। वहीं महिलाओं को भरोसा दिलाते हुए मोदी ने कहा कि उनकी कड़ी मेहनत से बचाया गया पैसा कोई अफसर नहीं खाएगा। उन्होंने कहा, ‘2.5 लाख वालों को तो छूट दूंगा, पर 2.5 करोड़ वालों को कैसे छोड़ दूं। आजकल लोग कूड़े के ढेर में नोट फेंक कर भाग रहे हैं, गंगा में 1000-500 के नोट डाले जा रहे हैं। अरे पापियों, गंगा में नोट बहा कर भी पाप धुलने वाले नहीं हैं।’ प्रधानमंत्री ने कहा कि बेईमानों के दिन खत्म होकर ही रहेंगे, उन्होंने ईमानदारी का महायज्ञ शुरू किया है जिसमें सभी को योगदान देना होगा। मोदी ने गरीबों की खुशी के लिए 50 दिन तकलीफ झेलने की प्रार्थना की।

 

 

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here